11 फरवरी 2026 को क्या है?
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11 फरवरी 2026 को क्या है? | 11 February 2026 Ko Kya Hai

जानिए इस दिन का पंचांग, व्रत-त्योहार, शुभ-अशुभ मुहूर्त, ग्रह-नक्षत्र और धार्मिक दृष्टि से इस तिथि का महत्व।

आज के दिन के बारे में

11 फरवरी 2026 माघ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि है। इस दिन धार्मिक क्रियाएँ और कुछ खास व्रत किए जाते हैं, जो पारंपरिक मान्यताओं में शुभ माने जाते हैं। इस लेख में जानिए 11 फरवरी 2026 से जुड़ी जरूरी जानकारियाँ और पूजा-पाठ की परंपराएँ।

11 फरवरी 2026 को क्या है?

क्या आप जानना चाहते हैं कि 11 फरवरी 2026 को कौन-कौन से व्रत और धार्मिक घटनाएँ हैं और यह दिन आध्यात्मिक दृष्टि से क्यों महत्वपूर्ण माना जाता है? 11 फरवरी 2026, बुधवार को फाल्गुन मास के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि है। यह तिथि विशेष रूप से धर्म, संयम और आत्मचिंतन से जुड़ी मानी जाती है। नवमी तिथि देवी उपासना और साधना के लिए शुभ मानी जाती है, वहीं बुधवार का दिन बुद्धि, विवेक और गणेश जी की कृपा प्राप्त करने के लिए श्रेष्ठ होता है।

पंचांग विवरण

  • तिथि: कृष्ण पक्ष नवमी – सुबह 10:00 AM तक
  • वार: बुधवार
  • नक्षत्र: अनुराधा – सुबह 10:53 AM तक
  • योग: व्याघात – रात 2:30 AM तक
  • करण: गर – सुबह 9:58 AM तक
  • मास (अमांत): माघ
  • मास (पूर्णिमांत): फाल्गुन
  • विक्रम संवत: 2082 (कालयुक्त)
  • शक संवत: 1947 (विश्ववासु)
  • सूर्य राशि: मकर
  • चंद्र राशि: वृश्चिक
  • ऋतु: शिशिर
  • अयन: उत्तरायण
  • दिशाशूल: उत्तर
  • चंद्र निवास: उत्तर

व्रत व धार्मिक महत्व

कृष्ण नवमी तिथि का महत्व

कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि साधना, ध्यान और आत्मसंयम के लिए उपयुक्त मानी जाती है। इस दिन शिव उपासना और देवी दुर्गा का स्मरण करने से मानसिक शांति और नकारात्मक विचारों से मुक्ति मिलती है। बुधवार होने के कारण गणेश जी और बुध ग्रह की पूजा भी लाभकारी मानी जाती है।

शुभ-अशुभ समय

  • शुभ मुहूर्त: 11:51 AM से 12:35 PM
  • राहुकाल: 12:13 PM से 1:37 PM
  • गुलिक काल: 10:49 AM से 12:13 PM
  • यमघंट काल: 8:01 AM से 9:25 AM

सूर्य और चंद्र विवरण

  • सूर्योदय: 6:36 AM
  • सूर्यास्त: 5:50 PM
  • चंद्रोदय: 1:44 AM
  • चंद्रास्त: 12:13 PM

पूजा-व्रत विधि

  • प्रातःकाल स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें।

  • भगवान गणेश और शिव जी की पूजा करें।

  • “ॐ गं गणपतये नमः” मंत्र का जाप करें।

  • नवमी तिथि में सात्विक आहार और संयम का पालन करें।

  • जरूरतमंदों को हरी वस्तुओं या अन्न का दान करें।

निष्कर्ष

11 फरवरी 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से शांत, साधनामय और आत्मचिंतन के लिए उत्तम है। फाल्गुन कृष्ण नवमी और बुधवार का संयोग बुद्धि, विवेक और आध्यात्मिक उन्नति प्रदान करता है। श्रद्धा और नियमपूर्वक की गई पूजा से जीवन में संतुलन और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

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Published by Sri Mandir·February 11, 2026

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