🛕 वैदिक ज्योतिष के अनुसार मंगल ग्रह ऊर्जा, साहस, शक्ति और जीवन के संघर्षों का कारक माना जाता है। जब कुंडली में मंगल की स्थिति अनुकूल नहीं होती, तो विवाह में देरी, पारिवारिक कलह, रिश्तों में तनाव और मानसिक चिंता बढ़ सकती है। ऐसे में मांगलिक दोष शांति पूजा को एक प्रभावी उपाय माना जाता है। वहीं, सनातन धर्म में यह पूजा जीवन की परेशानियों को शांत करने और रिश्तों में संतुलन व स्थिरता लाने के लिए की जाती है।
🛕 मंगलवार को मंगल ग्रह का दिन माना जाता है, इसलिए इस दिन मंगल देव की पूजा करना विशेष फलदायी होता है। इसी शुभ अवसर पर उज्जैन स्थित श्री मंगलनाथ महादेव मंदिर में यह विशेष मांगलिक दोष शांति पूजा आयोजित की जा रही है, जो अपने आप में एक बड़ा अवसर है।
🛕 इस पूजा के साथ मंगल दान कुंजिका अर्पित करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है। मान्यता है कि इससे मंगल ग्रह की सकारात्मक ऊर्जा आकर्षित होती है और जीवन के संघर्षों से निकलने का मार्ग आसान होता है।
इन पवित्र अनुष्ठानों की विशेषताएं
🌸 मांगलिक दोष शांति पूजा– जीवन में चल रही परेशानियों को शांत करने और ग्रह दोष से राहत पाने के लिए।
🌸 पीपल वृक्ष पूजा– पीपल को देवस्वरूप माना गया है, इनकी पूजा से ग्रह दोष शांत होते हैं।
🌸 मंगल दान कुंजिका – यह दान मंगल देव को प्रसन्न करता है और विवाह व रिश्तों में सुख-समृद्धि लाने में सहायक माना जाता है।
🛕 यदि आपके विवाह में देरी हो रही है या रिश्तों में तनाव बना हुआ है, तो घर बैठे इस विशेष मंगलवार पूजा में भाग लेने का यह उत्तम अवसर न छोड़े। यह पूजा श्री मंदिर के माध्यम से उज्जैन के प्राचीन मंदिर में संपन्न की जाएगी।