💫गुप्त नवरात्रि वह पावन समय है, जब देवी माँ की गुप्त और अत्यंत शक्तिशाली ऊर्जा की पूजा तांत्रिक विधि से की जाती है। यह नवरात्रि बाहरी उत्सवों से अलग,अंदरूनी साधना और विशेष विधियों पर केंद्रित होती है। मान्यता है कि इन तीन रात्रियों में की गई प्रार्थनाएँ बिना किसी बाधा के देवी तक पहुँचती हैं। यही कारण है कि यह समय सांसारिक इच्छाओं की पूर्ति और लंबे समय से चली आ रही रुकावटों को दूर करने के लिए अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है।
💫3 दिवसीय त्रि चक्र गुप्त नवरात्रि पूजा में तीन महाविद्याओं- माँ कमलात्मिका, माँ बगलामुखी और माँ मातंगी की आराधना की जाती है। ये तीनों देवी जीवन में समृद्धि, विजय और परिस्थितियों पर नियंत्रण की शक्तियों का प्रतिनिधित्व करती हैं।
🙏माँ कमलात्मिका- धन, स्थिरता और इच्छाओं की पूर्ति का आशीर्वाद देती हैं।
🙏माँ बगलामुखी- स्तंभन शक्ति की देवी हैं, जो रुकावटों को रोकती हैं, विरोध को शांत करती हैं और नकारात्मक प्रभावों को खत्म करती हैं।
🙏 माँ मातंगी- बुद्धि, वाणी की शक्ति, रचनात्मकता और सही रणनीति का मार्गदर्शन करती हैं।
इस विशेष तीन दिवसीय पूजा में हर दिन एक महाविद्या को समर्पित होता है और उसी देवी के लिए विशेष यज्ञ किया जाता है। इससे भक्त हर देवी से सच्चे मन से जुड़ पाते हैं और धन, सुरक्षा व बुद्धि से जुड़ा उनका आशीर्वाद पूर्ण रूप से भक्तों को प्राप्त होता है।
🌸 सांसारिक सिद्धि और शक्ति के लिए त्रि चक्र पूजा
यह 3 दिवसीय पूजन और यज्ञ तंत्रोक्त विधि के साथ संपन्न किया जाता है। हर दिन मंत्र, आहुति और यज्ञ अग्नि के माध्यम से सांसारिक जीवन के तीन महत्वपूर्ण चक्र- धन, शक्ति और बुद्धि को जागृत किया जाता है। मान्यता है कि यह पूजा जीवन में सकारात्मक गति लाती है और सही निर्णय लेने में सहायता करती है।
इस त्रि चक्र गुप्त नवरात्रि विशेष में भाग लेकर भक्त करियर और व्यापार में सफलता, छिपी रुकावटों से मुक्ति, निर्णयों में स्पष्टता और व्यक्तिगत व व्यावसायिक चुनौतियों पर नियंत्रण की कामना करते हैं।
वहीं, माँ कमलात्मिका, माँ बगलामुखी और माँ मातंगी की संयुक्त कृपा से भौतिक उन्नति और आंतरिक शक्ति में संतुलन बनता है।
श्री मंदिर के माध्यम से की जा रही यह विशेष पूजा भक्तों को आत्मविश्वास, स्थिरता और पूर्ण इच्छापूर्ति के साथ आगे बढ़ने का अवसर देती है।