हिंदू धर्म में नवरात्रि का समय देवी शक्ति की उपासना के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है। चैत्र नवरात्रि की शुक्ल सप्तमी तिथि विशेष रूप से देवी की उग्र और रक्षक शक्तियों के जागरण का दिन मानी जाती है। यह दिन माँ काली को समर्पित माना जाता है और शास्त्रों के अनुसार सभी महाविद्याओं की उत्पत्ति भी माँ काली से ही मानी जाती है। इसलिए इस तिथि पर महाविद्याओं की उपासना को अत्यंत फलदायी और शक्तिशाली माना गया है।
ऐसा माना जाता है कि जब व्यक्ति जीवन में भावनात्मक थकान, निर्णयों को लेकर भ्रम और भीतर के भय से घिर जाता है, तब देवी शक्ति की साधना मन को स्थिर करने और आत्मविश्वास जगाने का मार्ग बनती है। महाविद्याओं की उपासना से मन में स्पष्टता आती है, भय कम होता है और जीवन के निर्णयों में संतुलन बनने लगता है।
इसी भावना के साथ चैत्र शुक्ल सप्तमी के दिन श्री मंदिर द्वारा पश्चिम बंगाल में स्थित पवित्र कालीघाट शक्तिपीठ में एक विशेष अनुष्ठान आयोजित किया जा रहा है। इस अनुष्ठान में माँ काली, माँ तारा, माँ षोडशी, माँ भुवनेश्वरी और माँ बगलामुखी की कृपा प्राप्त करने के लिए शक्ति समृद्धि महायज्ञ विधिपूर्वक सम्पन्न कराया जाएगा।
मान्यता है कि शक्तिपीठों में की गई देवी उपासना का प्रभाव अत्यंत शक्तिशाली होता है। यह साधक को मानसिक स्थिरता, भावनात्मक सुरक्षा और जीवन में आगे बढ़ने का आत्मबल प्रदान करती है। देवी भागवत पुराण के अनुसार, महाविद्याओं की उत्पत्ति देवी सती की जागृत दिव्य चेतना से जुड़ी मानी जाती है और इन सभी शक्तियों का मूल स्वरूप माँ काली को माना गया है। इसलिए मां काली से जुड़ी नवरात्रि की सप्तमी को इन पाँच महाविद्याओं की उपासना विशेष रूप से शुभ फलदायी मानी जाती है।
पांच देवियों की पूजा का महत्व
माँ काली नकारात्मकता और भीतर जमे भय को दूर करने वाली शक्ति मानी जाती हैं। माँ तारा साधक को भ्रम और मानसिक अंधकार से बाहर निकलने का मार्ग दिखाती हैं। माँ षोडशी भावनात्मक संतुलन और स्थिरता प्रदान करती हैं। माँ भुवनेश्वरी जीवन को व्यापक दृष्टि से समझने की शक्ति देती हैं, वहीं माँ बगलामुखी भय, असुरक्षा और मानसिक अशांति को शांत करने में सहायक मानी जाती हैं।
यदि आप भी भावनात्मक थकान, जीवन के निर्णयों में भ्रम और आंतरिक भय से राहत पाना चाहते हैं, तो इस नवरात्रि सप्तमी श्री मंदिर के माध्यम से ऑनलाइन घर बैठे कालीघाट शक्तिपीठ में होने वाले इस माँ काली, माँ तारा, माँ षोडशी, माँ भुवनेश्वरी और माँ बगलामुखी शक्ति समृद्धि महायज्ञ में सहभागी बनकर देवी शक्ति का दिव्य आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।🙏