🔱 गुप्त नवरात्रि को साधना, आत्मिक संतुलन और भीतर छिपी ऊर्जा को जाग्रत करने का विशेष समय माना जाता है। इन नौ रात्रियों में अष्टमी तिथि का महत्व इसलिए बढ़ जाता है क्योंकि इस दिन देवी की उग्र और रक्षक शक्तियाँ सक्रिय मानी जाती हैं। ऐसा माना जाता है कि गुप्त नवरात्रि अष्टमी पर की गई साधना जीवन में चल रही रुकावटों के मूल कारणों को समझने और उनसे बाहर निकलने की शक्ति प्रदान करती है। इसी पावन तिथि पर कालीघाट शक्तिपीठ में काली–भैरव–तारा तंत्र महा अनुष्ठान का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें उग्र शक्ति यज्ञ और 21,000 काली क्रीं बीज मंत्र जाप विधि विधान से संपन्न होगा।
🕉️ इस साधना में माँ काली को नकारात्मक शक्तियों, भय और दरिद्रता का संहार करने वाली महाशक्ति के रूप में पूजा जाता है। उनके साथ भैरव जी का आवाहन जीवन के चारों ओर सुरक्षा भाव स्थापित करता है, जिससे अचानक आने वाली बाधाओं और अस्थिर परिस्थितियों से रक्षा मानी जाती है। वहीं माँ तारा की उपासना करुणा, मार्गदर्शन और मानसिक स्थिरता प्रदान करने वाली साधना मानी जाती है, जो व्यक्ति को भ्रम और दबाव से बाहर निकलने में सहायता करती है।
🔥 इन तीनों देव शक्तियों की संयुक्त उपासना को संतुलन, सुरक्षा और समृद्धि की साधना के रूप में देखा जाता है। ऐसा माना जाता है कि जब माँ काली की उग्र शक्ति, भैरव जी की रक्षक चेतना और माँ तारा की मार्गदर्शक ऊर्जा एक साथ साधित होती हैं, तब जीवन में धन, अवसर और स्थायित्व के मार्ग खुलने लगते हैं तथा लंबे समय से चली आ रही बाधाएँ धीरे धीरे शांत होने लगती हैं।
🔥 कालीघाट, कोलकाता स्थित यह प्राचीन शक्तिपीठ माँ काली का प्रमुख धाम माना जाता है, जहाँ गुप्त नवरात्रि में की गई विशेष साधनाएँ बेहद प्रभावशाली मानी जाती हैं। इस अनुष्ठान में माँ काली का पारंपरिक पूजन, भैरव आवाहन, माँ तारा की उपासना, उग्र शक्ति यज्ञ और काली क्रीं बीज मंत्र का सामूहिक जाप किया जाता है। यह साधना उन लोगों के लिए उपयोगी मानी जाती है जो जीवन में आर्थिक अस्थिरता, मानसिक दबाव, कार्य में बाधा या बार बार रुकावट का अनुभव कर रहे हैं।
🛡️ ऐसी मान्यता है कि गुप्त नवरात्रि अष्टमी पर की गई यह उपासना व्यक्ति के भीतर आत्मविश्वास और स्थिरता का संचार करती है। इससे न केवल मानसिक संतुलन प्राप्त होता है, बल्कि परिस्थितियों को समझने और सही निर्णय लेने की शक्ति भी विकसित होती है, जिससे धन और समृद्धि के मार्ग स्वाभाविक रूप से बनने लगते हैं।
🔱 आप भी श्री मंदिर के माध्यम से इस काली–भैरव–तारा तंत्र महा अनुष्ठान में भाग लेकर घर बैठे ही अपने नाम के संकल्प को इस पावन साधना से जोड़ सकते हैं। यह आयोजन उन लोगों के लिए एक सार्थक अवसर है, जो देवी शक्तियों की उपस्थिति में सुरक्षा, स्थिरता और सकारात्मक ऊर्जा के साथ जीवन में आगे बढ़ना चाहते हैं। 🔱