🌸 जब सावन की शुरुआत हो शुक्रवार के साथ, इस दिव्य संयोग में माँ लक्ष्मी से पाएं अपनी आर्थिक समस्याओं का समाधान
सावन का प्रारंभ इस बार शुक्रवार से हो रहा है, और शुक्रवार को माँ लक्ष्मी की उपासना का विशेष महत्व होता है। यह संयोग साधकों के लिए एक शुभ अवसर है, जब भक्ति, श्रद्धा और संकल्प के साथ की गई माँ लक्ष्मी पूजा से जीवन में स्थिरता और समृद्धि के द्वार खुल सकते हैं। ऐसा माना जाता है कि जब सावन जैसे पवित्र मास की शुरुआत लक्ष्मी जी को समर्पिक शुक्रवार से हो, तो यह आर्थिक दृष्टि से उन्नति, सौभाग्य और शुभ संकेत लेकर आता है। यह दिन उन लोगों के लिए बेहद फलदायी है जो आज के समय में बढ़ते खर्च, आर्थिक असंतुलन और कार्यस्थल की अनिश्चितताओं से जूझ रहे हैं। इस स्थिति में माँ लक्ष्मी की विशेष आराधना, मंत्रजाप, पूजन और वैभव लक्ष्मी हवन एक सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करने वाली मानी जाती है। यह न केवल धन के स्थायित्व की कामना के लिए, बल्कि मानसिक संतुलन और गृह-शांति हेतु भी उपयोगी कही गई है।
🛕 शक्तिपीठ कोल्हापुर में आयोजित इस विशेष अनुष्ठान के भागी बन आमंत्रित करें माँ लक्ष्मी की कृपा
महाराष्ट्र के कोल्हापुर में स्थित माँ महालक्ष्मी अंबाबाई मंदिर को 51 शक्तिपीठों में एक विशिष्ट स्थान प्राप्त है। यह न केवल एक शक्तिपीठ है, बल्कि भारत के सबसे बड़े और प्रसिद्ध लक्ष्मी मंदिरों में से एक के रूप में भी प्रतिष्ठित है। इसे माँ लक्ष्मी की जागृत स्थली माना जाता है, जहाँ सच्ची श्रद्धा और संकल्प से की गई पूजा शीघ्र फलदायी मानी जाती है। विशेषकर सावन के प्रथम शुक्रवार पर, जब माँ लक्ष्मी की ऊर्जा अत्यंत सक्रिय मानी जाती है, श्री मंदिर के माध्यम से यहाँ विशेष महालक्ष्मी अनुष्ठान, मंत्रजप और हवन का आयोजन किया जा रहा है। ऐसी मान्यता है कि इस स्थान पर विधिपूर्वक की गई वैभव लक्ष्मी पूजा आर्थिक बाधाओं, धन असंतुलन और व्यय की अनियंत्रित स्थितियों से राहत देने में सहायक बनती है।
साथ ही, यह पूजा जीवन में नए अवसरों के द्वार खोलने, व्यवसायिक स्थिरता लाने और गृहलक्ष्मी के स्थायी वास के लिए भी एक शुभ माध्यम मानी जाती है। यदि आप भी अपने जीवन में निरंतर समृद्धि, सौभाग्य और आर्थिक संतुलन की स्थापना की कामना रखते हैं, तो सावन के इस विशेष शुक्रवार पर माँ लक्ष्मी की कृपा प्राप्त करने हेतु श्री मंदिर द्वारा आयोजित इस विशेष महालक्ष्मी अनुष्ठान में सहभागी बनें। यह अवसर लक्ष्मी कृपा की ओर एक स्थिर और शांतिपूर्ण शुरुआत का माध्यम बन सकता है।