बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक
बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक
बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक
बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक
बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक
बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक

बसंत पंचमी सरस्वती माता चढ़ावा एवं स्याही अभिषेक

✨ बसंत पंचमी के पावन अवसर पर ज्ञान और बुद्धि की देवी का आशीर्वाद प्राप्त करें।

🌟 बसंत पंचमी का महत्व क्यों है?
✨बसंत पंचमी माँ सरस्वती के प्राकट्य का पावन पर्व है। माँ सरस्वती ज्ञान, बुद्धि और विवेक की अधिष्ठात्री देवी हैं।

🕉️ ब्रह्मवैवर्त पुराण के अनुसार, इसी दिन माँ सरस्वती ने संसार को ज्ञान और चेतना से आलोकित किया। इस दिन उनकी पूजा करने से अज्ञान दूर होता है, बुद्धि प्रखर होती है और शिक्षा व रचनात्मक कार्यों में शुभ आरंभ होता है।

🌸 आपका चयनित चढ़ावा 300 वर्ष से अधिक प्राचीन श्री सरस्वती माता मंदिर, उज्जैन में अर्पित किया जाएगा। यहाँ विराजमान माँ की प्राचीन एवं जाग्रत प्रतिमा के दर्शन से विशेष फल की प्राप्ति होती है। मान्यता है कि बसंत पंचमी पर की गई पूजा कई गुना फलदायी होती है। मंदिर के पुजारी गर्भगृह में आपके नाम से चढ़ावा अर्पित करेंगे।

✨चढ़ावे का चयन करें, भुगतान पूर्ण करें और पुष्टि के रूप में बुकिंग प्रमाण पत्र प्राप्त करें। दर्शन और चढ़ावे का वीडियो 24–48 घंटे के भीतर ऐप पर साझा किया जाएगा।

🔱 इस शुभ अवसर पर चढ़ावा अर्पित कर अपने जीवन में देवी कृपा को आमंत्रित करें। अभी बुक करें।

srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
srimandir devotees
अब तक1,50,000+भक्तोंश्री मंदिर द्वारा संचालित चढ़ावा सेवा में भाग ले चुके है।
अपनी सेवा चुनें
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों

srimandir-logo

श्री मंदिर ने श्रध्दालुओ, पंडितों, और मंदिरों को जोड़कर भारत में धार्मिक सेवाओं को लोगों तक पहुँचाया है। 100 से अधिक प्रसिद्ध मंदिरों के साथ साझेदारी करके, हम विशेषज्ञ पंडितों द्वारा की गई विशेष पूजा और चढ़ावा सेवाएँ प्रदान करते हैं और पूर्ण की गई पूजा विधि का वीडियो शेयर करते हैं।

हमारा पता

फर्स्टप्रिंसिपल ऐप्सफॉरभारत प्रा. लि. 2nd फ्लोर, अर्बन वॉल्ट, नं. 29/1, 27वीं मेन रोड, सोमसुंदरपल्या, HSR पोस्ट, बैंगलोर, कर्नाटक - 560102
YoutubeInstagramLinkedinWhatsappTwitterFacebook