14 अप्रैल 2026 को क्या है?
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14 अप्रैल 2026 को क्या है? | 14 April 2026 Ko Kya Hai

जानिए इस दिन का पंचांग, व्रत-त्योहार और शुभ मुहूर्त। इस दिन के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व की पूरी जानकारी यहां विस्तार से पढ़ें।

आज के दिन के बारे में

14 अप्रैल 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन बन रहे शुभ योग और तिथि इसे खास बनाते हैं। व्रत, पूजा या छोटे शुभ कार्य करने से जीवन में सकारात्मक बदलाव आ सकते हैं। जानें इस दिन क्या करना लाभकारी रहेगा।

14 अप्रैल 2026 को क्या है?

क्या आप जानना चाहते हैं कि 14 अप्रैल 2026 को कौन-कौन से पंचांग योग, शुभ-अशुभ समय और ग्रह-नक्षत्र की स्थिति बन रही है? 14 अप्रैल 2026, मंगलवार के दिन वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि है (रात 12:13 AM तक)। यह दिन धार्मिक दृष्टि से पूजा-पाठ, दान और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है।

पंचांग विवरण

  • तिथि: कृष्ण पक्ष द्वादशी – रात 12:13 AM तक
  • वार: मंगलवार
  • नक्षत्र: शतभिषा – शाम 4:06 PM तक
  • योग: शुक्ल – दोपहर 3:39 PM तक
  • करण: कौलव – दोपहर 12:41 PM तक
  • मास (अमांत): चैत्र
  • मास (पूर्णिमांत): वैशाख
  • विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थ)
  • शक संवत: 1948 (प्रभाउ)
  • सूर्य राशि: मीन
  • चंद्र राशि: कुम्भ
  • ऋतु: वसंत
  • अयन: उत्तरायण
  • दिशाशूल: उत्तर
  • चंद्र निवास: पश्चिम

शुभ-अशुभ समय

  • शुभ मुहूर्त: 11:34 AM से 12:24 PM
  • राहुकाल: 3:10 PM से 4:46 PM
  • गुलिक काल: 11:59 AM से 1:35 PM
  • यमघण्ट काल: 8:48 AM से 10:24 AM

सूर्य और चंद्र विवरण

  • सूर्योदय: 5:38 AM
  • सूर्यास्त: 6:21 PM
  • चंद्रोदय: 3:24 AM
  • चंद्रास्त: 3:16 PM

इस दिन का धार्मिक महत्व

14 अप्रैल 2026 का दिन भले ही किसी बड़े प्रमुख पर्व से जुड़ा न हो, लेकिन द्वादशी तिथि का विशेष महत्व होता है। यह तिथि भगवान विष्णु की पूजा और एकादशी व्रत के पारण के लिए उत्तम मानी जाती है। इस दिन पूजा-पाठ, व्रत पारण और दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है तथा जीवन में सुख-शांति बनी रहती है। विशेष रूप से जो लोग एकादशी व्रत रखते हैं, उनके लिए यह दिन अत्यंत महत्वपूर्ण होता है।

पूजा-व्रत विधि

  • प्रातःकाल स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
  • भगवान विष्णु का ध्यान कर व्रत पारण करें।
  • पूजा-अर्चना कर प्रसाद अर्पित करें।
  • सात्विक भोजन ग्रहण करें और संयम बनाए रखें।
  • जरूरतमंदों को दान देना शुभ माना जाता है।
  • दिनभर भगवान का स्मरण और भक्ति करें।

14 अप्रैल 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, खासकर द्वादशी तिथि के कारण। इस दिन श्रद्धा और नियमपूर्वक पूजा, व्रत पारण और दान करने से जीवन में सुख, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

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Published by Sri Mandir·April 7, 2026

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