5 मई 2026 को क्या है?
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5 मई 2026 को क्या है? | 5 May 2026 Ko Kya Hai

जानिए इस दिन का पंचांग, व्रत-त्योहार और शुभ मुहूर्त। इस दिन के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व की पूरी जानकारी यहां विस्तार से जानें।

आज के दिन के बारे में

हर दिन अपने साथ कुछ न कुछ विशेष लेकर आता है, और 5 मई 2026 भी उनमें से एक है। धार्मिक दृष्टि से इस दिन की तिथि और उससे जुड़ी मान्यताएं इस दिन को खास बनाते हैं। आइए जानते हैं इस दिन से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारी।

5 मई 2026 को क्या है?

क्या आप जानना चाहते हैं कि 5 मई 2026 को कौन-कौन से व्रत और त्योहार पड़ रहे हैं और यह दिन धार्मिक रूप से क्यों खास है? 5 मई 2026, मंगलवार के दिन ज्येष्ठ मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि है (सुबह 5:25 AM तक)। इस दिन संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाता है, जो भगवान गणेश की कृपा पाने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। यह दिन विशेष रूप से बाधाओं को दूर करने और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए शुभ होता है।

पंचांग विवरण

  • तिथि: कृष्ण पक्ष तृतीया – सुबह 5:25 AM तक
  • वार: मंगलवार
  • नक्षत्र: ज्येष्ठा – दोपहर 12:55 PM तक
  • योग: शिव – रात्रि 12:17 AM तक
  • करण: विष्टि – सुबह 5:24 AM तक
  • मास (अमांत): वैशाख
  • मास (पूर्णिमांत): ज्येष्ठ
  • विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थ)
  • शक संवत: 1948 (प्रभाउ)
  • सूर्य राशि: मेष
  • चंद्र राशि: वृश्चिक
  • ऋतु: वसंत
  • अयन: उत्तरायण
  • दिशाशूल: उत्तर
  • चंद्र निवास: उत्तर

त्यौहार एवं व्रत

संकष्टी चतुर्थी

संकष्टी चतुर्थी भगवान गणेश को समर्पित एक महत्वपूर्ण व्रत है। इस दिन व्रत रखने और गणेश जी की पूजा करने से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। विशेष रूप से चंद्र दर्शन के बाद व्रत का पारण किया जाता है।

शुभ-अशुभ समय

  • शुभ मुहूर्त: 11:30 AM से 12:22 PM
  • राहुकाल: 3:13 PM से 4:52 PM
  • गुलिक काल: 11:56 AM से 1:35 PM
  • यमघण्ट काल: 8:38 AM से 10:17 AM

सूर्य और चंद्र विवरण

  • सूर्योदय: 5:20 AM
  • सूर्यास्त: 6:31 PM
  • चंद्रोदय: 9:57 PM
  • चंद्रास्त: 7:30 AM

पूजा-व्रत विधि

  • सुबह उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
  • भगवान गणेश का ध्यान करें और व्रत का संकल्प लें।
  • दिनभर व्रत रखें और शाम को गणेश जी की विधि-विधान से पूजा करें।
  • चंद्रमा के दर्शन के बाद अर्घ्य देकर व्रत का पारण करें।
  • जरूरतमंदों को दान देना शुभ फल देता है।

5 मई 2026 का दिन धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है क्योंकि इस दिन संकष्टी चतुर्थी का पावन व्रत रखा जाता है। श्रद्धा और विधि-विधान से भगवान गणेश की पूजा करने से जीवन की बाधाएं दूर होती हैं और सुख-समृद्धि का मार्ग प्रशस्त होता है।

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Published by Sri Mandir·April 10, 2026

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