11 अक्टूबर 2025 को क्या है?
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11 अक्टूबर 2025 को क्या है?

11 अक्टूबर 2025 को क्या है? जानिए इस दिन का पंचांग, व्रत और पूजा का महत्व, शुभ-अशुभ समय और आराधना से जुड़ी खास जानकारी।

आज के दिन के बारे में

11 अक्टूबर 2025 का दिन धार्मिक दृष्टि से विशेष माना जाता है। इस दिन की गई पूजा, अनुष्ठान और भक्ति से जीवन में सुख, शांति और समृद्धि आती है। यह दिन आध्यात्मिक चिंतन और शुभ कार्यों के लिए बेहद शुभ माना जाता है। इस लेख में जानिए 11 अक्टूबर 2025 का धार्मिक महत्व और इससे जुड़ी खास बातें।

11 अक्टूबर 2025 को क्या है?

क्या आप जानना चाहते हैं कि 11 अक्टूबर 2025 को कौन-सा व्रत या त्योहार है और यह दिन धार्मिक दृष्टि से क्यों महत्वपूर्ण है?

11 अक्टूबर 2025, शनिवार का दिन है। इस दिन कृष्ण पक्ष की पंचमी तिथि रहेगी। यह तिथि नाग पूजन और शनिवार व्रत के लिए शुभ मानी जाती है। इस दिन भगवान शनिदेव की उपासना करने से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और कार्यों में सफलता मिलती है। साथ ही पंचमी तिथि नाग देवता को समर्पित होने के कारण सर्प दोष निवारण के लिए भी विशेष होती है।

पंचांग विवरण

  • तिथि: कृष्ण पक्ष पंचमी – रात 9:36 बजे तक
  • नक्षत्र: रोहिणी – रात 7:20 बजे तक
  • योग: व्यतीपात – रात 10:52 बजे तक
  • करण: बव – सुबह 10:02 बजे तक
  • वार: शनिवार (शनिदेव का दिन)

दिन का धार्मिक महत्व

शनिवार व्रत

शनिवार को भगवान शनिदेव की पूजा करने से शनि दोष और साढ़ेसाती के प्रभाव कम होते हैं। जो लोग नियमित रूप से शनिवार का व्रत करते हैं, उन्हें दीर्घायु, स्थिर धन और न्यायप्रियता का आशीर्वाद मिलता है।

नाग पंचमी (कृष्ण पक्ष पंचमी)

यह दिन नाग देवता को समर्पित माना जाता है। इस दिन सर्पों की पूजा करने से पितृ दोष और सर्प दोष से मुक्ति मिलती है। साथ ही यह भूमि से संबंधित कार्यों के लिए भी शुभ माना गया है।

पूजा विधि

शनिवार व्रत के लिए

  • प्रातः स्नान कर काले वस्त्र धारण करें।

  • पीपल के वृक्ष के नीचे दीप जलाएं और तेल चढ़ाएं।

  • शनिदेव की मूर्ति या चित्र पर सरसों का तेल, काली उड़द और नीला पुष्प अर्पित करें।

  • “ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र का जप करें।

नाग पूजन के लिए

  • दूध, कुशा और पुष्प से नाग देवता का पूजन करें।

  • “ॐ नमः नागदेवाय” मंत्र का जप करें।

शुभ-अशुभ समय

  • शुभ मुहूर्त: 11:22 AM से 12:08 PM
  • राहुकाल: 8:21 AM से 9:49 AM
  • गुलिक काल: 6:53 AM से 8:21 AM
  • यमघण्ट काल: 2:43 PM से 4:11 PM

सूर्य और चंद्र विवरण

  • सूर्योदय: 5:55 AM
  • सूर्यास्त: 5:35 PM
  • चंद्रोदय: 9:08 PM
  • चंद्रास्त: 9:53 AM

ग्रह और राशि स्थिति

  • सूर्य राशि: कन्या
  • चंद्र राशि: वृषभ
  • दिशाशूल: उत्तर दिशा
  • चंद्र निवास: पृथ्वी लोक
  • ऋतु: शरद
  • अयन: दक्षिणायन

निष्कर्ष

11 अक्टूबर 2025 का दिन शनिवार व्रत और कृष्ण पंचमी के रूप में अत्यंत शुभ है। इस दिन भगवान शनिदेव की पूजा से जीवन की कठिनाइयाँ दूर होती हैं, और नाग देवता की आराधना से पितृ व सर्प दोष का निवारण होता है। यह दिन आध्यात्मिक शक्ति, कर्म सुधार और नकारात्मक ऊर्जाओं से रक्षा के लिए विशेष रूप से पूजनीय है।

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Published by Sri Mandir·October 8, 2025

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